श्रीप्रिया मञ्जुल नामावली

*श्रीप्रिया मञ्जुल नामावली*
    *श्रीप्रीतम हिय हारावली* 

श्रीप्रीतम प्राण पालिकै
श्रीललित लला आराधिकै
श्रीश्याम रस सुधा निधे । 

अनन्याश्रितजना कल्पतरु
ब्रजपति प्रेयसी - प्रेम वधु 
सम्मिल रस तृषिते , प्रेम पिपासु । 

श्रीप्रीतम हृदय सम्पुट रस मणि 
सर्वोच्च शिरोभूषण श्रृंगार मणि
रस प्रवीणा , रस उत्कर्षिणी । 

दिव्य केलि हर्ष तरंगिणी
रस मद पुलकितांञ्गिणी 
सुरत रस रङ्गिनी  । 

पूर्ण गंभीर , अनुराग मयी ,
प्रेम धर्मिणी , हित मयी ,
आद्या रति आनन्दी , प्रीतम सुख मयी । 

रसिकनी , रस आस्वाद्या
अनन्त धर्मा प्रीति प्राक्टया
कुंज - केलि कला माधुरी नाट्या। 

प्रीतम मनोदशा हितचिन्तिका
  मनोरथ पूर्णे , रस दान तत्परा
  श्यामसुन्दर सुख एकमात्र आश्रया । 

   केलि बिहार रसासव निमग्ना
   श्याम मनोहर रसपान अर्चना 
   कुशल सहेली पिय मन रचना । 

स्वानन्द अमृत भरे शोभा युक्त युगल स्तन सम्पन्ने ,
नमामि वात्सल्य दिव्य धरा ,युगल कुच कलश रस मण्डले। 

रस केलि उद्दीपन सौंज सामग्री धरोहरें
धैर्य , गांभीर्य , औदार्य, शील संकोच गुणादि संपन्ने । 

श्रीप्रीतम प्राण में रमाई 
श्रीश्याम चित्त में समाई 
प्रेम की पौढ़ाई
रति सदन की सुरभित फूलनाई । 

सकल सुगन्धा विलास परावधि
रस जीवन जोवना , पिय भामिनि 
प्रणयमय रसिक शेखर की सुरत संग्रामिनी । 

दिव्य सुरतान्त छबि मधुर लावण्या
आगम निगम अलक्षित , अनिर्वचनीय 
सुकुमारी , सुन्दर वर सुधन्या । 

महा महिम ऐश्वर्यरूपा 
नव निकुंज प्रीतम केलि प्रीति हिंडोरा
श्याम रंगिनी होरी होरा। 

भाव प्रेरिका 
लीला प्रेरिता
प्रीत प्रकाशिका 
रस रीत संवाहिका । 

मन्द मुस्किनी सुन्दर चितवनि प्रीतम की फुलवारी
मानिनी श्यामा श्रीलाल जू की मनुहारी । 

प्रीतम प्रेम सर्जना
प्रीतम प्रेम विसर्जना 
प्रीतम प्रेम  निमग्ना
प्रीतम प्रेम अर्चना 
प्रीतम प्रेम भूषणा 
प्रीतम प्रेम तरंगणा। 

अनंग उच्छलन प्रेम लहरी 
लीला मदन की केलि बेलि 
राग रङ्ग वाली तान तरंगा , वृन्दावन
चंद्र शोभा शैली । 

प्रीतम सङ्ग एकांत कुंज गामिनी
रस वीथियों की रमण रामिनी 
बतरस विलासी 
प्यारी सखियों की दुलारी स्वामिनी । 

सुरत युद्ध की श्रान्त श्रमिका
मदन हुलास की शीतल सरिता 
उज्ज्वल मञ्जुल रस अमिता 
श्रीगोविन्द की प्यारी प्रेम संहिता ।


जय जय 
प्यारी प्यारे 🌹🙏🌹 

*नविता*

Comments

Popular posts from this blog

प्रेम बोध

पक्षी तू कब उड़ेगा

रोग कृपा